विशाल_सरोज
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गुरुवार, 20 मई 2021
आज क़त्ल कर ही देंगे मुझे
ये मदहोश नज़रें और ये समां,
आज क़त्ल कर ही देंगे मुझे.
मंगलवार, 20 अप्रैल 2021
तू ही गुमां
मैं जमीं, तू आसमां,
मैं पतझड़, तू समां,
है तू ही मेरा यकीं,
तू ही मेरा गुमां.
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